नाले का जहरीला पानी मुक्ति धाम तक पहुंचा, अंतिम संस्कार भी हुआ मुश्किल,नगर पालिका शिवपुर–चरचा के वार्ड क्रमांक 1 का गंभीर मामला, जनआस्था और स्वास्थ्य दोनों पर खतरा

चरचा कॉलरी। कोयलांचल क्षेत्र के नगर पालिका शिवपुर–चरचा अंतर्गत वार्ड क्रमांक 1 स्थित मुक्ति धाम इन दिनों बदहाल स्थिति में पहुंच गया है। यहां बने घाट में नाले का गंदा और दूषित पानी सीधे पहुंच रहा है, जिससे घाट का पानी शुद्धिकरण योग्य भी नहीं रह गया है। इस कारण अंतिम संस्कार जैसे पवित्र संस्कारों के संपादन में भारी परेशानियां सामने आ रही हैं।

स्थानीय लोगों के अनुसार मुक्ति धाम से होकर बहने वाला यह पानी नाले से जुड़ा हुआ है, जिसमें गंदगी, कचरा और दुर्गंध युक्त पानी लगातार मिल रहा है। घाट परिसर में बदबू फैल रही है, वहीं पानी का रंग भी काला पड़ चुका है। हालात इतने खराब हैं कि धार्मिक विधि-विधान के अनुसार अंतिम क्रिया करना भी लोगों के लिए मानसिक पीड़ा का कारण बन गया है।
धार्मिक आस्था पर सीधा प्रहार

मुक्ति धाम केवल एक स्थल नहीं, बल्कि लोगों की धार्मिक आस्था और भावनाओं से जुड़ा पवित्र स्थान है। नाले के गंदे पानी के कारण यहां श्रद्धालुओं और परिजनों में गहरा आक्रोश है। लोगों का कहना है कि इस स्थिति से उनकी आस्था को ठेस पहुंच रही है और प्रशासन की उदासीनता बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है।

स्वास्थ्य के लिए भी बन रहा खतरा

गंदे पानी के कारण संक्रमण और बीमारियों का खतरा भी बढ़ गया है। अंतिम संस्कार के दौरान वहां मौजूद लोगों को दुर्गंध और प्रदूषण के बीच रहना पड़ता है, जो स्वास्थ्य की दृष्टि से गंभीर चिंता का विषय है।
मौके पर जुटे लोग, जताया आक्रोश

स्थानीय नागरिक मुक्ति धाम पहुंचे और स्थिति पर गहरा रोष जताया। लोगों ने एक स्वर में मांग की कि नाले के पानी को तत्काल घाट से अलग किया जाए, घाट की संपूर्ण सफाई व गाद निकासी कराई जाए, पानी की शुद्धता सुनिश्चित करने स्थायी व्यवस्था बनाई जाए,

प्रशासन पर लापरवाही का आरोप

स्थानीय नागरिकों और जनप्रतिनिधियों का कहना है कि इस समस्या को लेकर पहले भी शिकायतें की जा चुकी हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। यदि जल्द समाधान नहीं किया गया तो लोग आंदोलन करने को मजबूर होंगे।

जनहित में जरूरी कदम

नाले का स्थायी डायवर्जन प्लान, मुक्ति धाम परिसर का सौंदर्यीकरण व नियमित सफाई, गंदगी फैलाने वालों पर नगर पालिका की सख्त कार्रवाई किया जाए।

मुक्ति धाम जैसे पवित्र स्थल पर नाले का गंदा पानी पहुंचना प्रशासनिक व्यवस्था पर सवाल खड़े करता है। अब देखना यह होगा कि नगर पालिका शिवपुर–चरचा और जिला प्रशासन इस गंभीर समस्या को लेकर कितनी शीघ्र और प्रभावी कार्रवाई करता है।

एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ